कभी-कभी ऐसा लगता है तुम प्यार नहीं करती शक की बुनियाद और मजबूत होने लगती है जब कई बार कहने पर मुलाकात नहीं करती हो उसके इश्क का नशा ऐसा चढ़ा प्यार में पागल हो गया हूं दिल को समझाने में नाकाम रहता हूं Hindi shayari
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Sangrah shayari Bhandar